Thursday, 16 March 2017

ये परियोजनाएं चिनबा नदी पर बन रहे हैं. चिनाब सिंधु की सहायक नदी है.

पाक का विरोध दरकिनार, कश्मीर में हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट ने पकड़ी रफ्तार

सीमापार से आतंकवाद और कश्मीर के मोर्चे पर पकिस्तान भारत के लिए लगातार मुश्किलें खड़ी करता रहा है. ऐसा लग रहा है कि अब केंद्र सरकार पाकिस्तान को सबक सिखाने के लिए नए तरीके अपनाने पर विचार कर रही है. भारत ने पिछले कुछ महीनों में कश्मीर में करीब 98 करोड़ रुपये की जलविद्युत परियोजनाओं पर काम की रफ्तार तेज कर दी है.
ये परियोजाएं उन नदियों पर चल रही हैं जो भारत से बहकर पाकिस्तान में जाती हैं. पाकिस्तान इसको लेकर कई बार आपत्ति दर्ज करवा चुका है लेकिन अब भारत इन आपत्तियों को किनारा करते हुए इन परियोजनाओं पर काम की गति बढ़ा रहा है.
इस बारे में पाकिस्तान का कहना है कि भारत की ये परियोजनाएं दोनों देशों के बीच हुए जल समझौते का पालन नहीं करती है और इनकी वजह से पाकिस्तान में पानी की कमी हो सकती है.
काम हुआ तेज
पिछले तीन महीनों में कश्मीर के 6 जलविद्युत परियोजनाओं पर काफी काम हुआ है. जल संसाधन मंत्रालय और केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण के 2 अधिकारियों ने बताया कि इन परियोजनाओं में से कुछ को जरूरी शुरुआती मंजूरी और कुछ को पर्यावरण से संबंधित अनुमतियां भी मिल चुकी हैं.
ये परियोजनाएं चिनबा नदी पर बन रहे हैं. चिनाब सिंधु की सहायक नदी है. पाकिस्तान-भारत के बीच में सिंधु जल समझौता हो चुका है और इसी समझौते को आधार बनाकर पाकिस्तान इन परियोजनाओं पर ऐतराज जताता रहा है.
जब इन परियोजनाओं से बिजली उत्पादन शुरू हो जाएगा तो कश्मीर की हाइड्रो पावर जेनरेट करने की क्षमता तीज गुना बढ़ जाएगी. बताया जा रहा है कि इन परियोजनाओं को कुछ मंजूरियां मिलनी बाकी हैं, इनके मिलते ही इनकी सार्वजनिक तौर पर घोषणा कर दी जाएगी. 

No comments:

Post a Comment